📋 प्रभारी प्रधानाध्यापक दिशा-निर्देश
बेसिक शिक्षा विभाग, उत्तर प्रदेश • वर्ष 2025
🎯 मुख्य बिंदु
बेसिक शिक्षा विभाग द्वारा वर्ष 2025 में प्राथमिक एवं उच्च प्राथमिक विद्यालयों में नियमित प्रधानाध्यापक की अनुपस्थिति में प्रभारी तैनाती के स्पष्ट नियम जारी।
🏫 प्राथमिक विद्यालय नियम
| छात्र संख्या | प्रभारी तैनाती | इंसेंटिव |
|---|---|---|
| 150+ छात्र | जिला वरीयता सूची से HM/जूनियर सहायक | ❌ कोई नहीं |
| 150 से कम | उसी स्कूल का वरिष्ठ अध्यापक | ❌ कोई नहीं |
📌 नोट: प्रभारी पद केवल प्रशासनिक दायित्व - कोई वित्तीय लाभ नहीं।
🏛️ उच्च प्राथमिक विद्यालय नियम
| छात्र संख्या | प्रभारी तैनाती | इंसेंटिव |
|---|---|---|
| 100+ छात्र | जिला वरीयता सूची से प्राथमिक HM | ✅ इंसेंटिव+प्रमोशन |
| 100 से कम | उसी स्कूल का वरिष्ठ अध्यापक | ❌ कोई नहीं |
⚖️ चयन प्रक्रिया
📊 प्राथमिकता क्रम
- वरिष्ठता (Seniority)
- जन्म तिथि (अधिक आयु=वरिष्ठ)
- Alphabetical Order
✅ पात्रता
✅ नियमित/स्थायी अध्यापक
❌ शिक्षा मित्र/अनुदेशक
❓ अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
Q1: प्राथमिक विद्यालय में चयन का आधार?
पूरी तरह वरिष्ठता आधारित। सबसे वरिष्ठ अध्यापक को चार्ज।
Q2: शिक्षा मित्र प्रभारी बन सकते हैं?
❌ नहीं - केवल नियमित शिक्षक
Q3: नियुक्ति तिथि समान होने पर?
जन्म तिथि के आधार पर। अधिक आयु=वरिष्ठ
💼 प्रभारी के अधिकार
- ✅ कंपोजिट ग्रांट संचालन
- ✅ विद्यालय रख-रखाव
- ✅ सामग्री खरीद
- ✅ प्रशासनिक दायित्व
⚠️ महत्वपूर्ण नोट
"प्रभारी पद एक प्रशासनिक दायित्व है। वरिष्ठ शिक्षक इसे स्वेच्छा से स्वीकार करें या लिखित असमर्थता जताएं।"
📄 यह दिशा-निर्देश वर्ष 2025 के लिए मान्य
बेसिक शिक्षा विभाग, उत्तर प्रदेश | नियमों में परिवर्तन की स्थिति में नवीनतम शासनादेशों का पालन करें