आजमगढ़ ट्रिपल मर्डर: पत्नी और 2 पंडितों की हत्या, बच्चों को बनाया बंधक
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आजमगढ़ में खौफनाक वारदात: घर में पूजा कराने आए 2 पंडितों समेत पत्नी की हत्या, बच्चों को बनाया बंधक
आर्टिकल 1: आजमगढ़ के शंभूपुर गांव में ट्रिपल मर्डर, पुलिस का रेस्क्यू ऑपरेशन जारी
आजमगढ़ (उत्तर प्रदेश): अहरौला थाना क्षेत्र के शंभूपुर गांव से एक बेहद सनसनीखेज और दर्दनाक खबर सामने आई है। यहां एक व्यक्ति ने अपने ही घर में खूनी खेल खेलते हुए अपनी पत्नी और पूजा कराने आए दो पुजारियों की गोली मारकर हत्या कर दी। घटना के बाद से पूरे इलाके में दहशत का माहौल है। वारदात को अंजाम देने के बाद आरोपी ने अपने ही तीन मासूम बच्चों को घर के अंदर बंधक बना लिया है।
शुरुआती जानकारी के अनुसार, घर के अंदर मौजूद तीन बच्चों में एक की उम्र करीब 10 साल, दूसरे की 7 साल और सबसे छोटे बच्चे की उम्र महज 6 महीने बताई जा रही है। आरोपी के पास दो लाइसेंसी असलहे (हथियार) मौजूद हैं, जिसके कारण स्थिति बेहद संवेदनशील बनी हुई है।
पुलिस की मुस्तैदी और बातचीत की कोशिश:
घटना की सूचना मिलते ही पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया। भारी पुलिस बल, एसओजी (SOG), फील्ड यूनिट और पुलिस के वरिष्ठ अधिकारी तत्काल मौके पर पहुंच गए हैं। पुलिस की प्राथमिकता फिलहाल किसी भी तरह के बल प्रयोग से बचते हुए मासूम बच्चों को सुरक्षित बाहर निकालना है। इसके लिए आरोपी से लगातार बातचीत (नेगोशिएशन) करने का प्रयास किया जा रहा है ताकि वह आत्मसमर्पण कर दे और बच्चों को कोई नुकसान न पहुंचे। गांव में तनावपूर्ण शांति है और भारी सुरक्षा बल तैनात कर दिया गया है।
आर्टिकल 2: पूजा के दौरान 'आधार कार्ड' मांगने पर भड़का विवाद, लाइसेंसी पिस्टल से ली 3 की जान
आखिर क्या हुआ था घटना वाले दिन?
पुलिस की प्रारंभिक जांच में इस ट्रिपल मर्डर (Triple Murder) के पीछे की जो वजह सामने आई है, वह बेहद चौंकाने वाली है। जानकारी के मुताबिक, मंगलवार की शाम आरोपी अरविंद सिंह के घर पर पूजा का आयोजन चल रहा था। घर में अरविंद की पत्नी बबीता, एक बेटा, एक बेटी और पूजा कराने के लिए चार पंडित मौजूद थे।
शाम करीब छह बजे जब अरविंद सिंह बाजार से लौटा, तो घर में अनुष्ठान होता देख उसने पंडितों से पूछताछ शुरू कर दी। इसी बीच, अरविंद ने पूजा करा रहे पंडितों से उनका आधार कार्ड मांग लिया। पंडितों द्वारा ऐतराज जताने या पूछताछ का विरोध करने पर बात बहस में बदल गई। विवाद इतना बढ़ गया कि आपे से बाहर हुए अरविंद ने अपनी लाइसेंसी पिस्टल निकाल ली और फायरिंग शुरू कर दी।
फायरिंग में पत्नी और 2 पुजारियों की मौत:
इस अंधाधुंध फायरिंग में अरविंद की पत्नी बबीता और दो पंडितों (जिनमें से एक की पहचान पंडित महेंद्र पाठक के रूप में हुई है) को गोली लग गई। तीनों की मौके पर ही मौत हो गई। बताया जा रहा है कि इस दौरान एक राइफल से भी गोली चलने की बात सामने आ रही है। फायरिंग होते ही पूजा में शामिल अन्य दो पंडित अपनी जान बचाकर मौके से भाग निकले।
फिलहाल, पुलिस ने घर को चारो तरफ से घेर रखा है। अधिकारियों का कहना है कि घटना के सटीक कारणों और मौतों की आधिकारिक पुष्टि पोस्टमार्टम रिपोर्ट और आरोपी की गिरफ्तारी के बाद ही पूरी तरह से स्पष्ट हो सकेगी। पुलिस हथियार और अन्य साक्ष्य जुटाने की तैयारी में है, लेकिन पहला लक्ष्य बंधक बच्चों की सुरक्षा है।
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